Common Diseases in Rainy Season – बरसात में होने वाली बीमारियाँ

By | April 25, 2017

क्या आप जानते है वो कौन से common diseases हैं जो की rainy season में अक्सर होती हैं? जानिए इन बरसाती बिमारियों के नाम और इसका घरेलु इलाज और बचाव के उपाय | वर्षा ऋतू का नाम सुनते ही दिमाग में एक तस्वीर बनती है जिसमे हम खुद को बरामदा में कुर्सी पर बैठ कर पकोड़े के साथ चाय का मजा लेते हुए नजर आते है | और इस पकोड़े के साथ background में पुराने गानों के साथ बारिश के बूंद ताल से ताल मिलाते हुए सुनाई देते है | वर्षा ऋतू हर किसी को अच्छा लगता है पर यह मौसम में कई बीमारियों का भी प्रकोप रहता है | इस मौसम में चारो तरफ पानी और कीचड़ जमा हुआ नजर आता है | घर के आस पास पानी का जमाव कई बीमारियो का कारण होता है | क्या आपको पता है की इस मौसम में कौन कौन सी बीमारियाँ का प्रकोप रहता है | अगर आप इस बात से अनजान है तो हम आपको बताते है वर्षा ऋतू में होने वाले बीमारियों के बारे में |

Common rainy season diseases in Hindi

Common Diseases in Rainy Season / बरसात में होने वाली बीमारियाँ

अक्सर देखा गया है की बरसात का मौसम आने के साथ कई लोग बीमार पड़ जाते है, खास कर महानगरों में रहने वाले जैसे Delhi. ज्यादातर मामलो में पाया गया है की सावधानी नहीं बरतने के कारण बरसाती बीमारी विकराल रूप धारण कर लेती है | तो चलिए जानते है वो कौन से बीमारियाँ हैं जो की rainy season में होती है :

मलेरिया

बरसात के मौसम में मलेरिया का प्रभाव सबसे ज्यादा होता है | मलेरिया एक वाहक जनित संक्रमण रोग है, यह बीमारी प्रोटोजोवा नामक परिजिवी के द्वारा फैलता है | इस बीमारी के बारे में बोला जाता है की यह सर्वाधिक प्रचलित संक्रामक बीमारी है | मलेरिया के परिजिवी चार प्रकार के होते है Plasmodium falciparum, Plasmodium vivax, Plasmodium ovale एवं Plasmodium malariae | इन सभी में Plasmodium falciparum सबसे ज्यादा प्रभावशाली है |

अगर आप अपने परिवार को इस बीमारी से सुरक्षित रखना चाहते है तो अपने घर में या घर के आस पास पानी को ज़मने नहीं दे एवं मच्छर के संपर्क से दूर रहे | अपने आस पास साफ सफाई बनाए रखे एवं रात को मच्छरदानी का इस्तेमाल अवश्य करे |

Cholera / हैजा


इसे हिंदी में हैजा कहा जाता है यह एक घातक संक्रामक रोग है | मनुष्यों में हैजा Vibrio cholera नाम के जीवाणु के द्वारा दूषित भोजन एवं पानी पीने से होता है | इस बीमारी से ग्रसित मनुष्य को उलटी और दस्त की शिकायत होती है | इस बीमारी में हो रहे बार बार दस्त और उलटी शरीर में पानी और आवश्यक मिनरल का कमी पैदा कर देता है और इस कारण पेट में ऐठन होने लगता है जिस कारण मनुष्य कमजोर हो जाता है |

आप चाहते है की आपका परिवार इस बीमारी के संपर्क से दूर रहे, तो स्वच्छ पानी और भोजन का सेवन किया करे | पानी को उबाल कर इस्तेमाल करे, भोजन को ढक कर रखे, अपने घर में साफ़ सफाई बनाए रखे | घर के आस पास गन्दगी को जमा नहीं होने दे |

डायरिया

बरसात के मौसम में सर्वाधिक प्रभावित बीमारियों के सूचि में अगली बीमारी डायरिया शामिल है | यह बीमारी हैजा के समान ही होता है | परन्तु इस में मरीज को सिर्फ दस्त ही होता है | डायरिया से ग्रसित मनुष्य के पेट में मरोर उत्पन्न होता है |

इस बीमारी के फैलने का एक मात्र साधन पानी और भोजन है | अगर आप स्वयं को स्वस्थ रखना चाहते है तो पानी का सेवन उबाल कर करे | भोजन को ढक कर रखे एवं कोशिस करे की भोजन गरम खाए | खाने से पहले हांथ अवश्य धोए |

डेंगू

बरसात में मच्छरों का प्रकोप अधिक हो जाता है और इस मौसम में मलेरिया के बाद डेंगू का प्रकोप रहता है, और खास कर Delhi में तो इसका आतंक रहता है | WHO के द्वारा खोजबीन करने के बाद यह पता चला है की डेंगू एडीज मच्छर के कटाने से होता है | इस बीमारी में मरीज को बुखार आता है और बुखार के साथ साथ शरीर में दर्द एवं जोड़ो पर दर्द का एहसास होता है |

अगर आप चाहते है की आपके घर के सभी सदस्य डेंगू बीमारी के प्रकोप से दूर रहे तो अपने घर में मच्छरो को भागने के लिए Mosquito अदि का इस्तेमाल करे | घर से बाहर निकलने से पहले ऐसे वस्त्र को पहने जो आपके शरीर को पूरा ढक सके |

चिकनगुनिया

अन्य संक्रामक बीमारियों के समान बीमारियों के सूचि में चिकनगुनिया भी सम्मिलित है | चिकनगुनिया एडीज़ एलबोपिकटस मच्छरों के कटाने से होता है | इस बीमारी से ग्रषित मरीज को बुखार के साथ साथ जोड़ो में तेज दर्द होता है | चिकनगुनिया के मच्छर का प्रजनन पानी में होता है |

अगर आप चिकनगुनिया को अपने घर से दूर रखना चाहते है तो अपने घर के आस पास पानी का जमाव नहीं होने दे | घर के अन्दर पानी वाले सभी वास्तु को नियमित रूप से साफ़ करे | घर इन्सेक्ट रिपेलेंट का इस्तेमाल कर मच्छरो का प्रवेश वर्जित करे |

 

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