ECG Full Form in Hindi – इ.सी.जी

By | December 30, 2016

Kya aap bhi ECG ka full form ko Hindi mein janana chahate hai? Janiye aakhir yah test hospital may kyon karwaya jata hai, kaun se jaanch hoti hai aur kaise ki jati hai. Asal mein ECG ek tarah ka test hoga hai jisse heart ki condition ko test kiya jata hai.

ECG test meaning in Hindi

ECG = Electrocardiogram / इलेक्ट्रोकार्डियोग्राम

असल में ECG (Electrocardiogram) एक तरह का test होता है जिसमे मशीनों द्वारा Heart का test किया जाता है। इस test में दिल के विद्युत क्रियापाल (electrical activity) का पता लगाया जाता है। high blood pressure, heart pain, घबराहट, सांस की बीमारी, बेहोशी आदि ह्रदय से जुड़ी कई बिमारियों का पता लगाने के लिए ECG test किया जाता है । इस test से heart related कई बिमारियों का पता लगा कर उसका निदान किया जाता है।

ECG एक normal test है जो की ज्यादातर जांच घरो में , hospitals में और  प्रयोगशाला में भी की जाती है। मशीनों द्वारा की जाने वाली ये test इतनी अच्छी है की इसका report भी आपको तुरंत ही दे दिया जाता है। ECG मशीन अपना report तरंगों की भाषा में एक कागज पर जिसे graph paper कहते है दर्शाता है। ये paper red या green color का होता है ।

What to find by ECG test /  इ.सी.जी  जांच से क्या क्या पता चलता है 

  • ECG test से doctors को मरीज के दिल की विद्युतीय गतिविधि का पता चलता है।
  • heart pain होने पर ECG test किया जाता है ताकि ये पता लगाया जा सके की ये दिल के दौरे का लक्षण है या नही ।
  • इस test से ये भी पता लगाया जा सकता है की heart attack से दिल की मांशपेशियों पर कोई प्रभाव पड़ा है या नही ।
  • दवाइयों के असर या फिर उसके side effects को जानने के लिए भी ECG test किया जाता है।
  • मरीज के heart का कोई भी valve खराब तो नहीं है इसका पता भी ECG test द्वारा लगाया जाता है ।

How to perform ECG test / इ.सी.जी कैसे किया जाता है 

  • ECG test से पहले मरीज को अपने सरे गहने उतारने को कहा जाता है ताकि test का परिणाम सही आ सके ।
  • उसके बाद मरीज को bed पर लिटाकर प्रभावित अंग से कपड़े हटाने को कहा जाता है।
  • अब ECG मशीन के तारों की छोर को जेल की सहायता से हाथ, chest, पैर आदि पर चिपकाया जाता है ।
  • उसके बाद मरीज को चुप रह कर केवल सांस लेने को और कभी सांस रोकने को कहा जाता है। इस test की प्रक्रिया केवल 5 से 10 minute तक चलती है। test के दवरान हीं इसका परिणाम भी एक graph paper पर show कर देता है जिसे doctor द्वारा एक report के रूप में तैयार कर के मरीज को दे दिया जाता है ।
  • Test पूरा हो जाने के बाद मरीज के body पर से सभी चिपकाई हुई तारों को हटा दिया जाता है।

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