RTI Act Rules in Hindi – सुचना का अधिकार क्या है

By | December 15, 2016

RTI act rules and information in Hindi – जानिए आखिर क्या होता है सूचना का अधिकार जिससे आप किसी भी Govt. office में किसी भी सुचना को पा सकते हैं | RTI (Right to Information) को हिंदी में “सूचना का अधिकार” कहा जाता है । “सूचना का अधिकार” यानि की RTI act 2005 के तहत वे rights है जो एक तरह से Common people को powerful बनता है । इस act के तहत कोई भी common people किसी भी Government departments से किसी भी तरह का information मांग सकता है।

RTI rules and laws in Hindi

RTI = सूचना का अधिकार

The full form of the RTI is सूचना का अधिकार which is known as the ‘Right To Information Act’ that allow every Indian citizen to have fundamental right to know about any information of any department that comes under Govt. of India.

RTI वह है जिसमे  constitution of section 19(1) के अंतर्गत एक basic rights का दर्जा दिया गया है। इस section के अन्दर हर एक आम आदमी को बोलने की आज़ादी दी गई है।  इस act के तहत सरकार कौन सी काम को कैसे करती है, क्यों करती है , इसका क्‍या योगदान है, आदि हर तरह की जानकारी दी जाती है । हर एक नागरिक टैक्स का भुगतान करता है इसलिए उसका ये पूरा अधिकार है की वो इस बात को जाने की उसके द्वारा pay किया हुआ टैक्स का use कैसे किया जा रहा है। इसलिए RTI act के तहत हर एक नागरिक को सरकार से सवाल करने की छुट दी गई है ।

RTI Rules / सूचना का अधिकार के नियम

RTI Act का main purpose है Government departments की responsibility तथा पारदर्शिता लाना ताकि Corruption पर नियंत्रण किया जा सके। आइये जानते है RTI के तहत क्या क्या rules बनाये गए है:-

  1. RTI 2005 के मुताबिक ऐसी कोई भी जानकारी जो सरकार से जुड़ी हो जैसे की सरकारी school में teacher अक्सर मौजूद ना हो, सरकारी hospital में doctors मौजूद ना हो, सड़को की हालत खराब हों, कोई अफसर काम के लिए रिश्वत मांग रहा हो, प्रधानमत्री का खर्च ,राष्ट्रपति भवन का खर्च आदि तो आप RTI के तहत इसकी सूचनाएं पा सकते हैं।
  2. केवल Indian people ही इस act का फायदा ले सकता हैं। इस act में corporation, union, company वैगेरा अपनी सूचना नहीं दे सकता है। यदि इसके कर्मचारीयों को किसी भी तरह की सूचना चाहिए तो उन्हें अपने नाम से सूचना मंगनी होगी ना की अपने company के नाम से।
  3. हर एक government departments में एक या एक से अधिक अधिकारियों को जन सूचना अधिकारी के रूप में apoint किया गया है। आम आदमी की तरफ से मांगी गई सूचनाओं को time पर उपलब्ध कराना इन अधिकारियों का काम होता है।
  4. जनता अपनी information किसी भी रूप में मांग सकता है जैसे की Disk, tape, video, letter आदि , लेकिन मांगी गई information उस रूप में already मौजूद होना चाहिए।
  5. government department में information मांगने का जितना time रखा गया है उतने हीं time में information मांगी जा सकती हैं।
  6. RTI से information लेने के लिए निश्चित फीस 10 रूपये रखा गया है। यदि आप BPL परिवार से है तो आपको एक भी पैसा नहीं लगेगा बस आपको अपने documents का फोटोकॉपी को एक application के साथ देनी होगी ।
  7. Information प्राप्त करने की fees Cash, Demand Draft या फिर Postal order द्वारा  दिया जा सकता है। Demand Draft  या फिर Postal order department  के account officer  के नाम भेजा जाता है ।
  8. RTI के अंतर्गत मांगी गयी information को आप तक पहुँचाने के लिए 30 days का fixed time दिया जाता है।  यदि information पहुँचने में 30 days से ज्यादा लेट हो तो आप केन्‍द्रीय सूचना आयोग से अपील भी कर सकते है।
  9. 30 days से ज्यादा time हो जाने के बाद यदि आपसे दोबारा fee और documents की मांग की जाये तो आप उसके लिए भी अपील करें क्योकि 30 दिन के बाद आपको बिना fee के सारी information दी जानी है ।
  10. RTI के दायरे में आने वाले इन सभी विभागो से आप information ले सकते है :-
  • President, Prime Minister, Governor और Chief Minister का दफ्तर
  • Parliament और  Legislature
  • Election commission
  • Courts
  • Government offices
  • Government Banks
  • All government hospitals
  • Police department
  • BSNL
  • Govt. School and Colleges
  • Electricity Board

3 thoughts on “RTI Act Rules in Hindi – सुचना का अधिकार क्या है

  1. subodh kumar poddar

    I want to share my views on the law and its defects. I want to know can you upload all the information about the programmes organized by you and i also want you to upload all the information on specific website and launched all the website in public.

    Reply
  2. Devendra

    Muje RTI kaise karna jaan na hai. Aur sabi un legal business band karna hai.

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *